विषय - सामान्य विज्ञान (भौतिक विज्ञान)- पाठ- विज्ञान और तकनीकी

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी - महत्वपूर्ण अवधारणाएँ

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी - महत्वपूर्ण अवधारणाएँ

मूलभूत परिभाषाएँ

विज्ञान

प्रकृति में उपस्थित वस्तुओं के क्रमबद्ध अध्ययन से ज्ञान प्राप्त करने और उस पर वस्तु की प्रकृति और व्यवहार जैसे गुणों का पता लगाने को ही विज्ञान कहते हैं।

प्रौद्योगिकी

विज्ञान के नियमों एवं सिद्धान्तों के अनुप्रयोग से मानव हित में संसाधनों का निर्माण प्रौद्योगिकी कहलाता है।

हरित क्रांति

आधुनिक कृषि उपकरणों, उन्नतशील बीजों, उर्वरकों और पर्याप्त सिंचाई के संसाधनों द्वारा कृषि उपज में आशातीत वृद्धि को हरित क्रांति कहते हैं।

भारत में हरित क्रांति का जनक: एम एस स्वामीनाथन

विश्व में हरित क्रांति का जनक: नारमन बोरलाग

श्वेत क्रांति

डॉ. वर्गीज कूरियन का सम्बन्ध श्वेत क्रांति (दुग्ध उत्पादन में वृद्धि) से है।

ऊर्जा के स्रोत

नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत

ऊर्जा का वह स्रोत जिसे लगातार इस्तेमाल किया जा सकता है या एक निश्चित अवधि के बाद भी पुनः ऊर्जा की पूर्ति की जा सकती है। जैसे- सूर्य, पवन, जल, वन, पृथ्वी भू तपीय ऊर्जा, बायो गैस आदि।

अनवीकरणीय ऊर्जा स्रोत

ऊर्जा के वह स्रोत जिनकी पूर्ति एक बार प्रयोग करने के बाद दोबारा नहीं की जा सकती है। जैसे- कोयला, पेट्रोल, रसोई गैस, जीवाश्म ईंधन, कैरोसिन आदि।

भारतीय वैज्ञानिकों का योगदान

वैज्ञानिक का नाम क्षेत्र में योगदान
टी आर शेषाद्रि आरगेनिक केमेस्ट्री (औषधि विज्ञान)
होमी जहाँगीर भाभा परमाणु व कास्मिक विकिरण
विक्रम साराभाई अंतरिक्ष अनुसंधान
डॉ. कस्तूरीरंगन प्रक्षेपणशास्त्र
सुब्रह्मण्यम चन्द्रशेखर खगोल विज्ञान
कल्पना चावला अंतरिक्ष विज्ञान
डॉ. जानकी अम्माल साइटोजेनेटिक्स
डॉ. हरगोविन्द खुराना अनुवांशिकी कोड की स्थापना